
अवैध शराब का परिवहन करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, डस्टर कार समेत 27 पेटी शराब जप्त
सिंगरौली (म.प्र.), 24 अगस्त 2025चौकी निवास थाना सरई पुलिस ने रविवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध शराब के परिवहन में लिप्त दो आरोपियों को गिरफ्तार कर भारी मात्रा में बीयर व देशी शराब जप्त की है।
क्या मिला पुलिस को?
जप्त शराब : 27 पेटी (कुल 246 लीटर 600 एम.एल.)अनुमानित कीमत : ₹1,32,600/-जप्त वाहन : डस्टर कार क्रमांक UP-16 BC 3058 (कीमत लगभग ₹10,00,000/-)
गिरफ्तार आरोपी
एशियन सिंह, पिता यदुवंत सिंह, उम्र 21 वर्ष, निवासी थाना बैढ़न, जिला सिंगरौली।
मनीष कुमार पनिका, पिता स्व. गोरेलाल पनिका, उम्र 26 वर्ष, निवासी तियरा चौकी शासन थाना बैढ़न, जिला सिंगरौली l
अपराध दर्ज
- अपराध क्रमांक : 0118/25
- धारा : 34(2) आबकारी एक्ट
कार्रवाई का पूरा विवरण
24 अगस्त 2025 को चौकी निवास पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि एक डस्टर कार में अवैध शराब परिवहन की जा रही है। सूचना पर थाना प्रभारी सरई श्री जितेन्द्र भदौरिया और चौकी प्रभारी उप निरीक्षक श्रीमती प्रियंका सिंह बघेल के नेतृत्व में टीम रवाना हुई।
महुआगांव के पास घेराबंदी कर संदिग्ध कार को रोकने का प्रयास किया गया। पुलिस को देखकर वाहन चालक भागने का प्रयास करने लगा, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर कार को पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उसमें से 27 पेटी अवैध शराब बरामद हुई।
वाहन व शराब को जप्त कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के खिलाफ आबकारी एक्ट की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से जेल भेज दिया गया।
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस सफल कार्यवाही में—उप निरीक्षक प्रियंका सिंह बघेल (चौकी प्रभारी निवास), प्रधान आरक्षक 427 दीपक शिवहरे, आरक्षक 534 प्रवीण पांडे, आरक्षक 495 सत्येंद्र पांडे, आरक्षक 380 मोहित सिंह, आरक्षक 79 प्रभात दुबे, आरक्षक 642 नीरज सिंह, चौकी निगरी के आरक्षक 08 प्रशांत केसरी (साइबर सेल), प्रधान आरक्षक 459 ज्ञानेंद्र सिंह, महिला आरक्षक 238 कमल दुबे, आरक्षक 598 मंगलेश्वर सिंह एवं आरक्षक 520 रविराज सिंह की अहम भूमिका रही।
वरिष्ठ अधिकारियों का मार्गदर्शन
यह कार्रवाई पुलिस महानिरीक्षक रीवा जोन श्री गौरव राजपूत, पुलिस उप महानिरीक्षक रीवा क्षेत्र श्री राजेश सिंह चंदेल, पुलिस अधीक्षक सिंगरौली श्री मनीष खत्री, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अभिषेक रंजन और एस.डी.ओ.पी. देवसर श्रीमती गायत्री तिवारी के मार्गदर्शन एवं पर्यवेक्षण में की गई।













