सिंगरौली में विदेशी पटाखे नहीं बिकेंगे — कलेक्टर ने विदेशी पटाखों की जांच के लिए दल गठित किया
सिंगरौली। दीपावली त्यौहार के पूर्व जिला प्रशासन ने विदेशी पटाखों के विक्रय और भंडारण पर सख्त रुख अपनाया है। जिला मजिस्ट्रेट श्री गौरव बैनल ने आदेश जारी करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सिंगरौली जिले में किसी भी प्रकार के विदेशी पटाखों की बिक्री या भंडारण की अनुमति नहीं होगी।

सिंगरौली। दीपावली त्यौहार के पूर्व जिला प्रशासन ने विदेशी पटाखों के विक्रय और भंडारण पर सख्त रुख अपनाया है।
जिला मजिस्ट्रेट श्री गौरव बैनल ने आदेश जारी करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सिंगरौली जिले में किसी भी प्रकार के विदेशी पटाखों की बिक्री या भंडारण की अनुमति नहीं होगी।
इस संबंध में कलेक्टर द्वारा विशेष जांच दल गठित किया गया है, जो जिले के विभिन्न अनुविभागों में संचालित पटाखा विक्रेताओं की दुकानों का निरीक्षण करेगा और विदेशी पटाखों की बिक्री या भंडारण पाए जाने पर कठोर कार्रवाई करेगा।
🎇 त्योहारों से पहले कलेक्टर की सख्त तैयारी
कलेक्टर श्री बैनल ने कहा कि दीपावली एवं अन्य पर्वों के दौरान अत्यधिक पटाखा विक्रय और भंडारण की संभावना को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। उन्होंने सभी पटाखा अनुज्ञप्ति धारकों की जांच करने और भंडारित विस्फोटक की मात्रा का भौतिक सत्यापन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
अनुविभागवार जांच दल का गठन
विदेशी पटाखों की बिक्री पर निगरानी के लिए निम्नानुसार जांच दल गठित किए गए हैं —
- अनुविभाग सिंगरौली:
उपखण्ड मजिस्ट्रेट सुरेश जाधव, नगर पुलिस अधीक्षक पी.एस. परस्ते, अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) गौरव पांडेय - अनुविभाग देवसर:
उपखण्ड मजिस्ट्रेट अखिलेश कुमार सिंह, अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) श्रीमती गायत्री तिवारी, थाना प्रभारी जियावन ज्ञानेन्द्र सिंह - अनुविभाग चितरंगी:
उपखण्ड मजिस्ट्रेट सौरभ मिश्रा, अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) राहुल सैयाम, थाना प्रभारी सुधेश तिवारी - अनुविभाग माड़ा:
उपखण्ड मजिस्ट्रेट नंदन तिवारी, थाना प्रभारी शिवपूजन मिश्रा
तीन दिनों में प्रस्तुत करनी होगी जांच रिपोर्ट
कलेक्टर श्री बैनल ने सभी जांच दलों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्र की सभी पटाखा दुकानों का निरीक्षण कर संयुक्त जांच प्रतिवेदन तीन दिवस के भीतर प्रस्तुत करें।
जांच के दौरान यदि विदेशी पटाखे का विक्रय या भंडारण पाया जाता है, तो संबंधित विक्रेताओं के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विदेशी पटाखों पर क्यों लगी रोक
प्रशासन का कहना है कि विदेशी पटाखों में अत्यधिक विस्फोटक सामग्री होती है, जो सुरक्षा और पर्यावरण दोनों के लिए हानिकारक है। साथ ही, यह भारतीय उद्योगों को भी नुकसान पहुंचाते हैं। इसलिए इन पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है।
जिला प्रशासन की अपील
कलेक्टर ने जिलेवासियों से अपील की है कि वे घरेलू और पर्यावरण अनुकूल पटाखों का ही प्रयोग करें, और किसी भी दुकान पर विदेशी पटाखों की बिक्री की जानकारी मिलने पर तुरंत प्रशासन को सूचित करें।













