बड़ी राहत: जीवन बीमा और स्वास्थ्य बीमा पर अब नहीं लगेगा GST
नई दिल्ली। देश के करोड़ों मध्यमवर्गीय और आम परिवारों को बड़ी राहत देते हुए केंद्र सरकार ने ऐतिहासिक निर्णय लिया है। अब जीवन बीमा (Life Insurance) और स्वास्थ्य बीमा (Health Insurance) पर गुड्स एंड सर्विस टैक्स (GST) नहीं लगेगा। सरकार का यह कदम सीधे-सीधे आम लोगों की जेब को राहत देने वाला है। पहले बीमा प्रीमियम पर 18% तक GST लगता था, जिसके कारण बहुत से लोग बीमा लेने से कतराते थे। लेकिन अब यह बोझ पूरी तरह समाप्त हो गया है।

सरकार का फैसला, करोड़ों परिवारों को सीधी बचत – “बीमा अब लक्ज़री नहीं, ज़रूरत मानी जाएगी”
नई दिल्ली।
देश के करोड़ों मध्यमवर्गीय और आम परिवारों को बड़ी राहत देते हुए केंद्र सरकार ने ऐतिहासिक निर्णय लिया है। अब जीवन बीमा (Life Insurance) और स्वास्थ्य बीमा (Health Insurance) पर गुड्स एंड सर्विस टैक्स (GST) नहीं लगेगा।
सरकार का यह कदम सीधे-सीधे आम लोगों की जेब को राहत देने वाला है। पहले बीमा प्रीमियम पर 18% तक GST लगता था, जिसके कारण बहुत से लोग बीमा लेने से कतराते थे। लेकिन अब यह बोझ पूरी तरह समाप्त हो गया है।
✨ परिवारों के लिए सुरक्षा की नई उम्मीद
बीमा उद्योग विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम सिर्फ आर्थिक नहीं बल्कि सामाजिक सुरक्षा का संदेश भी है। अब गरीब और मध्यमवर्गीय परिवार आसानी से बीमा पॉलिसी ले सकेंगे।
- स्वास्थ्य बीमा महँगी दवाइयों और इलाज की चिंता से बचाएगा।
- जीवन बीमा परिवार को मुश्किल वक्त में सहारा देगा।
🗣️ लोगों की प्रतिक्रियाएँ
दिल्ली के रहने वाले एक कर्मचारी ने कहा – “पहले प्रीमियम में टैक्स जोड़कर रकम भारी हो जाती थी, अब सरकार ने सचमुच हमारे बोझ को हल्का कर दिया है। अब बीमा लेना आसान होगा।”
एक गृहिणी ने भावुक होकर कहा – “बीमारी या हादसे की चिंता हर परिवार को सताती है। सरकार ने बीमा को टैक्स-फ्री करके हम सबकी सुरक्षा की चिंता को कम किया है।”
🔍 विशेषज्ञों की राय
बीमा विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले से:
- बीमा पॉलिसियों की संख्या बढ़ेगी।
- स्वास्थ्य और जीवन बीमा का दायरा गाँवों और छोटे कस्बों तक पहुँचेगा।
- समाज में ‘हर परिवार बीमित’ का सपना और तेज़ी से पूरा होगा।
✅ निष्कर्ष
यह फैसला न केवल आम नागरिकों की आर्थिक सेहत को मज़बूत करेगा बल्कि समाज में सुरक्षा और भरोसे की भावना को भी गहरा करेगा। अब बीमा वास्तव में “हर भारतीय परिवार का कवच” बन सकेगा।













